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नौका विहार करते नजर आए अलीजा सरकार
प्रयागराज कुंभ बना वीर बगीची
इन्दौर. पंचकुईया रोड़ स्थित वीर बगीची में गुरूवार को ब्रह्मचारी प्रभुवानंद सद्गुरुदेव भगवान का द्वितीय पुण्य स्मरण महोत्सव मनाया गया. पंचकुईया में मनाए गए इस महोत्सव पर जहां वीर अलीजा सरकार ने नौका विहार किया तो वहीं मंदिर के गर्भगृह को प्रयागराज कुंभ थीम पर सजाया गया.
गुरूवार को प्रयागराज कुंभ और नौका विहार करते अलीजा सरकार को देखने और दर्शनों के लिए भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी. दोपहर में श्री बाल ब्रह्मचारी पवनान्दजी महाराज के सान्निध्य नवीन गौशाला और भोजनशाला का भूमिपूजन कार्यक्रम भी संपन्न हुआ।
वीर अलीजा भक्त मंडल ने जानकारी देते हुए बताया कि गुरूवार को श्रीश्री 1008 ब्रह्मचारी प्रभुवानंद सद्गुरुदेव भगवान के द्वितीय पुण्य स्मरण महोत्सव पर वीर बगीची में सुबह से शाम तक सुंदरकांड का पाठ एवं हनुमान की चौपाईयों से पश्चिमी क्षेत्र गूंजता रहा, सुबह महोत्सव की शुरूआत बाल ब्रह्मचारी श्री पवानन्दजी महाराज के सान्निध्य में भक्तों ने गुरुदेव की चरण पादुका का अभिषेक पूजन के साथ की।
वहीं इसके पश्चात सुबह से शाम तक भक्तों ने अलीजा सरकार को नौका विहार एवं प्रयागराज कुंभ की थीम पर सजे गर्भगृह के दर्शन किए. शाम को 6 बजे भक्तों द्वारा वीर अलीजा सरकार की महाआरती की. महाआरती में हजारों की संख्या में भक्त शामिल हुए थे. शाम को भक्तों के लिए फूल बंगला दर्शन एवं भव्य भजन संध्या का भी आयोजन किया गया. वीर बगीची में सजे इस फूल बंगले को निहारने के लिए भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी. गुरूवार को फूल बंगला पंचकुईया क्षेत्र में भक्तों के आकर्षण का केंद्र बना रहा.
नवीन गौशाला और भोजनशाला का भूमिपूजन
वीर अलीजा भक्त मंडल ने बताया कि द्वितीय पुण्य स्मरण के तहत वीर बगीची में 5000 स्के फीट में नवीन गौ शाला और भोजनशाला का भूमिपूजन दोपहर 12 बजे बाल ब्रह्मचारी पवनानंद महाराज एवं भक्त मंडल ने किया. भूमिपूजन कार्यक्रम के पश्चात इसी सत्र से वीर बगीची में श्री औंकारनंद संस्कृत पाठशाला शुरू करने की घोषणा भी की। वीर बगीची में प्रारंभ होने वाली इस संस्कृत पाठशाला में विद्यार्थीयों को धर्म और संस्कृति के साथ संस्कृत मात्र भाषा का अध्ययन भी विद्वान पंडि़तों और आचार्यों द्वारा करवाया जाएगा.
चित्र- वीर अलीजा.


